प्यार की सागर में डूब जाने को मन करता है
तुम्हारा हो जाने को मन करता है
जानते है तुम्हारा जवाब न होगा
फिर भी हां सुनने का मन करता है
राहे बदल गयी
मंजिल बदल गयी
फिर भी न जाने क्यू
ये रिश्ता ज़िन्दगी भर निभाने को मन करता है
तुझे पा न सकी
तेरी हो न सकी
तेरी रहो के कांटे चुन न सकी
फिर भी तेरी ज़िन्दगी में फूल ही मिले , ये दुआ मागने को मन करता है
तुम्हारा हो जाने को मन करता है
जानते है तुम्हारा जवाब न होगा
फिर भी हां सुनने का मन करता है
राहे बदल गयी
मंजिल बदल गयी
फिर भी न जाने क्यू
ये रिश्ता ज़िन्दगी भर निभाने को मन करता है
तुझे पा न सकी
तेरी हो न सकी
तेरी रहो के कांटे चुन न सकी
फिर भी तेरी ज़िन्दगी में फूल ही मिले , ये दुआ मागने को मन करता है

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